




रात्रि चंदा का दीदार कर तोड़ा व्रत धूमधाम से मनाया अमर दाम्पत्य का पर्व करवा चौथ
बीकानेर (नसं)। अमर सुहाग की कामना को लेकर मनाया जाने वाला करवा चौथ का पर्व धूमधाम से मनाया गया। महिलाओं ने अपने पति की दीर्घायु की कामना को लेकर निर्जल निराहार व्रत रखा। रात्रि में छलनी से चांद के दर्शन कर करवे से अध्र्य दिया। पतियों की आरती उतारी और उन्ही के हाथ से पानी पीकर और प्रसाद ग्रहण कर व्रत तोड़ा। चंद देव की सात फेरी परिक्रमा भी लगाई जाती है। बुजुर्गो से आर्शीर्वाद लिया जाता है। इससे पूर्व हाथों पर मेंहदी रचा महिलाओं युवतियों ने सोलह श्रृंगार किए सुहाग वस्त्र पहन सांय सामूहिक करवा चौथ की कथा भजन कीर्तिन किए। करवा चौथ के कारण चहल पहल रही। ज्र्वेलरी रेडीमेड वस्त्र, श्रंृंगार सामग्री की खूब बिक्री हुई। करवों में मोली अक्षत, चंदन हल्दी कुंकुम मेंहदी दुर्वा धूप दीप गंध के साथ जल भरा जाता है। पूजन के समय फल मेवे वस्त्र मिठाई व दक्षिण का बायना सास या घर की बुजुर्ग स्थिति को दिया जाता है। पतियों ने अपनी पत्नियों को उपहार दिए।
