बीकानेर)। कांग्रेस द्वारा देशभर में 2 से 8 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किए जा रहे ‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह एवं वोट बचाओ-देश बचाओ अभियान’ के तहत बीकानेर में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
देहात अध्यक्ष बिशनाराम सियाग ने कहा कि आज देश के सामने सबसे बड़ा सवाल लोकतंत्र की निष्पक्षता और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता का है। चुनाव लोकतंत्र की नींव हैं और यदि चुनाव कराने वाली संस्था की निष्पक्षता पर ही सवाल खड़े हों, तो यह पूरे लोकतांत्रिक तंत्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है। कांग्रेस पार्टी किसी भी कीमत पर लोकतंत्र और संविधान के साथ समझौता स्वीकार नहीं करेगी। हमारी स्पष्ट मांग है कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाया जाए तथा उनके विरुद्ध लगाए जा रहे आरोपों की निष्पक्ष जांच हो।
सियाग ने कहा कि एसआईआर प्रक्रिया के अंतर्गत विभिन्न राज्यों के अलावा बीकानेर में भी बड़े पैमाने पर वोट काटने की कोशिश की गई थी। कांग्रेस पार्टी ने तत्कालीन समय में विधानसभा क्षेत्रों एवं जिला स्तर पर कई बार विरोध प्रदर्शन किए, तब जाकर काटे गए वोटों को पुन: जोड़ने का आदेश जारी हुआ।
शहर अध्यक्ष मदनगोपाल मेघवाल ने कहा कि वोट देश के प्रत्येक नागरिक की सबसे बड़ी लोकतांत्रिक ताकत है। किसी भी स्तर पर मतदाता सूची, मतदान प्रक्रिया या चुनावी व्यवस्था में गड़बड़ी की आशंका लोकतंत्र पर सीधा हमला है। कांग्रेस पार्टी इनके साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेगी।
उन्होंने कहा कि बीकानेर जिले में लोकतंत्र बचाओ सप्ताह और वोट बचाओ-देश बचाओ अभियान को व्यापक जनआंदोलन का रूप दिया जाएगा। कांग्रेस कार्यकर्ता गांव-गांव और ब्लॉक स्तर तक पहुंचकर जनता को जागरूक करेंगे तथा इंडिया गठबंधन के सहयोगी दलों के साथ मिलकर संयुक्त कार्यक्रम और मार्च आयोजित किए जाएंगे।
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के सचिव बजरंग छींपा ने माकपा पार्टी की ओर से अपने विचार रखे। जिला महासचिव (संगठन) प्रह्लादसिंह मार्शल ने बताया कि प्रेस वार्ता में करणीसिंह राजपुरोहित एवं माकपा के रमेश मिगवाल भी मौजूद रहे।



